Wednesday, February 3, 2010

गुरू नानकदेव जी ने कहा ..........



यदि तू

मस्तिष्क को

शान्त रख सकता है

तो तू विश्व विजयी होगा


- गुरुनानकदेव

4 comments:

जी.के. अवधिया said...

महान विचार!

किन्तु मस्तिष्क को शान्त रखना बहुत मुश्किल होता है।

Udan Tashtari said...

आभार इस सदवाणी को प्रस्तुत करने का.

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक said...

गुरू नानक देव जी को नमन!

Rekhaa Prahalad said...

मस्तिष्क का शांत होना याने कि निर्विचार होना, क्या ये हम जैसों के लिए संभव है?